बेगूसराय। 19 सितंबर 2026। नेशनल पॉजिटिव न्यूज़
पटना उच्च न्यायालय के माननीय न्यायमूर्ति सह निरीक्षी न्यायमूर्ति, बेगूसराय न्याय मंडल अजित कुमार ने अपने तीन दिवसीय बेगूसराय दौरे के दूसरे दिन शनिवार को विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लिया। उन्होंने जिनेदपुर पंचायत भवन में निःशुल्क विधिक सहायता केंद्र (लीगल एड क्लिनिक) का उद्घाटन किया।

इसके बाद मंझौल, बखरी और बलिया अनुमंडलीय व्यवहार न्यायालयों का निरीक्षण कर न्यायिक एवं प्रशासनिक व्यवस्थाओं का जायजा लिया। दौरे के अंत में उन्होंने जिला विधिक सेवा प्राधिकार पहुंचकर दिव्यांगजनों के बीच बैट्रीचलित ट्राईसाइकिल का वितरण किया।
ग्रामीणों को गांव में ही मिलेगी निःशुल्क कानूनी सहायता:
जिनेदपुर पंचायत भवन में आयोजित कार्यक्रम में विधिक जागरूकता कार्यक्रम भी हुआ। निरीक्षी न्यायमूर्ति अजित कुमार ने कहा कि लीगल एड क्लिनिक का उद्देश्य गांव और आसपास के जरूरतमंद लोगों को उनके कानूनी अधिकारों और समस्याओं के समाधान के लिए सहज एवं सुलभ सहायता उपलब्ध कराना है।

उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे अपनी समस्याओं और शिकायतों को आवश्यक दस्तावेजों के साथ लीगल एड क्लिनिक में दर्ज कराएं। यदि किसी पात्र व्यक्ति को सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा है, तो वह संबंधित दस्तावेजों के साथ शिकायत दर्ज करा सकता है। इसके बाद विधिक प्रक्रिया के तहत समस्या के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
कार्यक्रम में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ऋषिकांत, जिला पदाधिकारी रिची पांडेय, पुलिस अधीक्षक मनीष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव करूणानिधि प्रसाद आर्य, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी कविता कुमारी सहित संबंधित पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, मुखिया, सरपंच और न्याय मित्र मौजूद रहे।
मंझौल, बखरी और बलिया न्यायालयों का निरीक्षण
जिनेदपुर के बाद निरीक्षी न्यायमूर्ति मंझौल अनुमंडलीय व्यवहार न्यायालय पहुंचे। यहां उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। उन्होंने नवनिर्मित अधिवक्ता हॉल और पार्क का उद्घाटन किया। इसके बाद न्यायालय का निरीक्षण किया और मंझौल अधिवक्ता संघ के पदाधिकारियों एवं अधिवक्ताओं के साथ बैठक कर उनकी समस्याएं और आवश्यकताएं जानीं।
इसके बाद उन्होंने बखरी अनुमंडलीय व्यवहार न्यायालय का निरीक्षण किया। अधिवक्ताओं के साथ बैठक में उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने बखरी न्यायालय के लिए प्रस्तावित भूमि का भी स्थल निरीक्षण किया।
वापसी के क्रम में वे बलिया अनुमंडलीय व्यवहार न्यायालय पहुंचे। यहां प्रशासन और पुलिस की ओर से उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। उन्होंने न्यायालय का निरीक्षण किया तथा बलिया अधिवक्ता संघ के पदाधिकारियों और अधिवक्ताओं से मुलाकात कर उनकी समस्याओं एवं सुझावों की जानकारी ली।
बेगूसराय मुख्यालय लौटने के बाद निरीक्षी न्यायमूर्ति ने जिला विधिक सेवा प्राधिकार का भ्रमण किया। इस दौरान दिव्यांगजनों के बीच बैट्रीचलित ट्राईसाइकिल वितरित की गई। जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष सह प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ऋषिकांत और सचिव करूणानिधि प्रसाद आर्य ने उनका स्वागत किया। इस अवसर पर प्राधिकार के सभी कर्मी उपस्थित रहे।





Total views : 106792