पटना /जमुई | 03 जनवरी 2026 | नेशनल पॉजिटिव न्यूज़
बिहार सरकार ने नए साल के अवसर पर राज्य की ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ माने जाने वाले जीविका कर्मियों को बड़ी सौगात दी है। सरकार ने बिहार ग्रामीण जीविकोपार्जन प्रोत्साहन समिति (जीविका) के अंतर्गत कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों के मानदेय में उल्लेखनीय वृद्धि का निर्णय लिया है। इसके साथ ही सभी कर्मियों को 5 लाख रुपये तक का मेडिकल बीमा कवरेज भी प्रदान किया जाएगा।
01 अप्रैल 2026 से लागू होगा नया वेतन ढांचा: सरकार द्वारा जारी निर्णय के अनुसार नया वेतन ढांचा 01 अप्रैल 2026 से प्रभावी होगा। वेतन वृद्धि को पदों के अनुसार विभिन्न श्रेणियों में विभाजित किया गया है, जिससे सभी स्तर के कर्मियों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।
पदानुसार वेतन में बढ़ोतरी: निदेशक, एंटरप्राइज निदेशक, विशेष कार्यपालक अधिकारी, कार्यक्रम समन्वयक, मुख्य सूचना अधिकारी, राज्य परियोजना प्रबंधक एवं राज्य वित्त प्रबंधक के वेतन में 10 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। वहीं प्रोजेक्ट मैनेजर, प्रोक्योरमेंट ऑफिसर, प्रोग्रामर और एप डेवलपर को 15 प्रतिशत, जबकि ब्लॉक प्रोजेक्ट मैनेजर, थीमैटिक मैनेजर एवं आईटी एक्जीक्यूटिव को 20 प्रतिशत तक वेतन वृद्धि का लाभ मिलेगा।
निचले स्तर के कर्मियों को सबसे अधिक लाभ: समन्वयक, सहायक एवं गोदाम कर्मियों के वेतन में 30 प्रतिशत तक की वृद्धि की गई है। इसके अलावा सभी श्रेणियों के यंग प्रोफेशनल्स के वेतन में 5,000 रुपये प्रतिमाह की निश्चित बढ़ोतरी की जाएगी।
कार्यप्रणाली में भी किया गया बदलाव: मानव संसाधन के बेहतर उपयोग के लिए जीविका की कार्यप्रणाली में भी बदलाव किया गया है। अब एक सामुदायिक समन्वयक को तीन ग्राम पंचायतों की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। प्रत्येक प्रखंड में दो क्षेत्र समन्वयकों की तैनाती होगी।अतिरिक्त कर्मियों को शहरी क्षेत्रों में संस्थान निर्माण, वित्तीय समावेशन एवं आजीविका संवर्धन से जुड़े कार्यों में लगाया जाएगा, जिनका मानदेय शहरी योजनाओं के स्वीकृत फंड से दिया जाएगा। सरकार के इस निर्णय से जीविका के हर स्तर के पदस्थों को लाभ मिलने की उम्मीद है। वेतन वृद्धि और स्वास्थ्य बीमा की सुविधा मिलने के बाद जीविका अधिकारियों और कर्मियों में खुशी का माहौल देखा जा रहा है।





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